हरियाणा के रेवाड़ी जिले में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया के तहत मतदाता सूची को अपडेट करने का काम आगे बढ़ाया गया है। नोटिस जारी करने और सुनवाई से जुड़े मामलों के निपटारे की निर्धारित समयसीमा 28 अक्टूबर को समाप्त हो गई। अब सभी योग्य मतदाताओं के नाम 6 नवंबर को प्रकाशित होने वाली अंतिम मतदाता सूची में शामिल किए जाएंगे। इस प्रक्रिया के तहत जिले में 15,251 नए मतदाता जुड़ेंगे।
दस्तावेजों की जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई
विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान जिन मतदाताओं के रिकॉर्ड में गड़बड़ियां पाई गई थीं या जिनके जरूरी दस्तावेज उपलब्ध नहीं थे, उन्हें नोटिस जारी किए गए थे। इन मतदाताओं को अपनी स्थिति स्पष्ट करने और आवश्यक दस्तावेज जमा कराने के लिए सुनवाई का अवसर दिया गया।
प्रशासन की ओर से मतदाताओं के दस्तावेज जुटाने के लिए मतदान केंद्रों पर विशेष शिविर लगाए गए। इसके साथ ही घर-घर जाकर सर्वे भी किया गया, ताकि मतदाता रिकॉर्ड से जुड़ी कमियों को दूर किया जा सके। अब जमा किए गए दस्तावेजों और लंबित मामलों के निस्तारण के आधार पर आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
जिले में 7.39 लाख से अधिक मतदाता
पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान सामने आए आंकड़ों के अनुसार, जिले में कुल 7 लाख 39 हजार 338 मतदाता दर्ज हैं। इनमें से बड़ी संख्या में मतदाताओं के रिकॉर्ड में किसी न किसी प्रकार की कमी पाई गई थी। कुछ मतदाताओं के दस्तावेज अधूरे थे, जबकि कई लोगों ने निर्धारित समय तक अपने प्रपत्र जमा नहीं कराए थे।
मतदाता सूची की जांच के दौरान सामने आई स्थिति का विवरण इस प्रकार है:
| विवरण | मतदाताओं की संख्या |
|---|---|
| जिले में कुल मतदाता | 7,39,338 |
| दस्तावेजों में कमी वाले मतदाता | 2,09,560 |
| प्रपत्र जमा नहीं कराने वाले मतदाता | 23,100 |
| रिकॉर्ड में गलतियां पाए गए मतदाता | 89,247 |
| जिनका मानचित्रण (मैपिंग) बाकी था | 97,213 |
| जारी किए गए कुल नोटिस | 1,12,911 |
| लंबित सुनवाई के मामले | 5,910 |
| विशेष शिविरों में निपटाए गए मामले | 552 |
1.12 लाख से अधिक नोटिस जारी किए गए
एसआईआर के तहत सुनवाई और दस्तावेज जमा कराने की समयसीमा बढ़ाए जाने के दौरान जिले में कुल 1,12,911 नोटिस जारी किए गए थे। इनमें से 5,910 मामलों में सुनवाई लंबित थी, जो कुल लंबित मामलों का 5.23 प्रतिशत था।
इन लंबित मामलों को निपटाने के लिए विशेष शिविरों का आयोजन किया गया। इन शिविरों के माध्यम से 552 मामलों की सुनवाई पूरी की गई। इसके अलावा, मतदाताओं से जरूरी दस्तावेज प्राप्त करने के लिए मतदान केंद्रों पर शिविर लगाने और घर-घर सर्वे करने की प्रक्रिया भी अपनाई गई।
6 नवंबर को प्रकाशित होगी अंतिम मतदाता सूची
अब पुनरीक्षण प्रक्रिया के तहत प्राप्त दस्तावेजों, रिकॉर्ड में मिली कमियों और लंबित मामलों के निस्तारण पर ध्यान दिया जाएगा। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, अंतिम मतदाता सूची 6 नवंबर को प्रकाशित की जाएगी। इसमें उन सभी योग्य मतदाताओं के नाम शामिल किए जाएंगे, जो निर्धारित मानकों के अनुसार पात्र पाए जाएंगे।
अंतिम सूची जारी होने के बाद मतदाता अपने नाम की जांच कर सकेंगे। इस तरह विशेष गहन पुनरीक्षण का उद्देश्य मतदाता सूची में मौजूद त्रुटियों को दूर करना और रिकॉर्ड को अधिक सटीक बनाना है।